देहरादून स्कूल परिसर में चल रहे सेक्स रैकेट मामले में नए खुलासे, रेट लिस्ट और HIV दवाइयों से बढ़ी जांच

Dehradun के कैंट थाना क्षेत्र में एक निजी स्कूल परिसर में चल रहे देह व्यापार मामले में पुलिस जांच के दौरान कई चौंकाने वाले खुलासे सामने आए हैं। छापेमारी में जहां देह व्यापार की रेट लिस्ट बरामद हुई, वहीं कमरे से HIV से जुड़ी दवाइयां मिलने के बाद स्वास्थ्य विभाग और पुलिस दोनों की जांच तेज हो गई है।

पुलिस ने 14 मई को कैंट इलाके के किशन नगर एक्सटेंशन स्थित एक स्कूल परिसर में छापा मारकर इस सेक्स रैकेट का खुलासा किया था। कार्रवाई के दौरान संचालक समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था, जबकि तीन महिलाओं को रेस्क्यू किया गया। जांच में सामने आया कि आरोपियों द्वारा अन्य राज्यों से महिलाओं को काम दिलाने के बहाने देहरादून बुलाया जाता था और फिर उन्हें अनैतिक देह व्यापार में धकेला जाता था। रेस्क्यू की गई युवतियां मेरठ, मुजफ्फरनगर और दिल्ली की रहने वाली बताई गई हैं।

छापेमारी के दौरान पुलिस को मौके से एक रजिस्टर मिला, जिसमें लड़कियों के नाम, ग्राहकों की संख्या और वसूली गई रकम का पूरा हिसाब दर्ज था। शुरुआती जांच के अनुसार प्रतिदिन करीब 5 से 6 ग्राहक वहां पहुंचते थे। रजिस्टर में 1 मई से 12 मई तक की एंट्री दर्ज मिली है, जिसमें यह भी लिखा गया था कि किस दिन कौन-सी लड़की के पास कितने ग्राहक गए और कितनी रकम ली गई। पुलिस को “फुल नाइट” के लिए 6500 रुपये तक की एंट्री भी मिली है।

स्थानीय पार्षद Nandini Sharma ने बताया कि कमरे से HIV/AIDS से जुड़ी दवाइयां भी बरामद हुई थीं, जिन्हें जांच के लिए स्वास्थ्य विभाग को भेजा गया है। उन्होंने आशंका जताई कि रैकेट से जुड़ी एक युवती HIV पॉजिटिव हो सकती है। हालांकि पुलिस ने इस संबंध में अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।

थाना कैंट प्रभारी Shankar Bisht ने बताया कि मौके से बरामद सभी दस्तावेज और सामग्री जब्त कर ली गई है। रजिस्टर में दर्ज जानकारी की गहन जांच की जा रही है। साथ ही, जिन महिलाओं को रेस्क्यू किया गया था, उनसे संपर्क कर मेडिकल जांच कराने की प्रक्रिया भी शुरू की जाएगी।

जांच में यह भी सामने आया है कि जिस भवन में स्कूल संचालित हो रहा था, उसका मालिक Tamil Nadu में रहता है। मकान का एक हिस्सा स्कूल संचालन के लिए एक दंपति को किराए पर दिया गया था, जबकि पीछे के दो कमरे कुलदीप कुमार नामक व्यक्ति को दिए गए थे, जहां कथित तौर पर अनैतिक गतिविधियां चल रही थीं।

पुलिस जांच में मकान मालिक की लापरवाही भी सामने आई है। बताया जा रहा है कि किराएदारों का पुलिस सत्यापन नहीं कराया गया था। इससे पहले भी इसी मकान से बिना सत्यापन रह रहे दो बांग्लादेशी नागरिकों को गिरफ्तार किया जा चुका है।

Pramod Kumar ने कहा कि मामले से जुड़े सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। यदि मकान मालिक की ओर से सत्यापन प्रक्रिया में लापरवाही साबित होती है तो उसके खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

Leave A Reply

Your email address will not be published.

https://www.breaknwaves.com/jet_skis_boat_rentals.html