देहरादून/चमोली। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने चमोली जिले के दशोली विकासखंड स्थित ग्राम खैनूरी को जोड़ने वाली आपदा प्रभावित सड़क के गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त होने का तत्काल संज्ञान लेते हुए अधिकारियों को प्राथमिकता के आधार पर सड़क की मरम्मत कर जल्द से जल्द आवागमन सुचारु करने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद जिला प्रशासन और संबंधित विभागों को मौके का आकलन कर आवश्यक कार्रवाई शुरू करने के लिए कहा गया है।
दरअसल, ग्राम खैनूरी के ग्रामीणों ने दूरभाष के माध्यम से मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी से संपर्क कर गांव को जोड़ने वाली सड़क की बदहाल स्थिति से उन्हें अवगत कराया। ग्रामीणों ने बताया कि हाल की आपदा के कारण सड़क पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई है, जिससे गांव के लगभग 120 परिवारों का संपर्क प्रभावित हो गया है और लोगों को दैनिक आवागमन में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। सड़क के क्षतिग्रस्त होने से ग्रामीणों के सामने आवश्यक सेवाओं तक पहुंचना भी चुनौती बन गया है।
ग्रामीणों की समस्या सुनने के बाद मुख्यमंत्री ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी चमोली सहित संबंधित विभागीय अधिकारियों को तत्काल निर्देश जारी किए। उन्होंने कहा कि सड़क की मरम्मत को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए शीघ्र कार्य शुरू किया जाए, ताकि ग्रामीणों के लिए सुरक्षित और सुचारु आवागमन जल्द से जल्द बहाल किया जा सके।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को यह भी निर्देश दिए कि वे मौके पर पहुंचकर वास्तविक स्थिति का विस्तृत आकलन करें और आवश्यकता के अनुसार सभी जरूरी तकनीकी एवं प्रशासनिक कदम उठाते हुए कार्यों में तेजी लाएं। उन्होंने स्पष्ट कहा कि किसी भी प्रकार की लापरवाही या अनावश्यक देरी स्वीकार नहीं की जाएगी।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि प्रदेश के प्रत्येक नागरिक की समस्या का समयबद्ध और प्रभावी समाधान राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। विशेष रूप से आपदा प्रभावित क्षेत्रों में सड़क, पेयजल, विद्युत तथा अन्य मूलभूत सुविधाओं की शीघ्र बहाली सुनिश्चित करना शासन और प्रशासन की जिम्मेदारी है। उन्होंने संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए सभी जनसुविधाओं को जल्द से जल्द बहाल करने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि आपदा प्रभावित क्षेत्रों में कार्य करते समय जनसमस्याओं के प्रति पूरी संवेदनशीलता बरती जाए। उन्होंने कहा कि ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों से प्राप्त शिकायतों पर विशेष ध्यान देते हुए उनका त्वरित निस्तारण किया जाए, ताकि स्थानीय लोगों को अनावश्यक परेशानियों का सामना न करना पड़े और राहत कार्यों का लाभ समय पर मिल सके।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार जनसरोकारों से जुड़े प्रत्येक विषय पर संवेदनशीलता और गंभीरता के साथ कार्य कर रही है। शासन और प्रशासन का दायित्व है कि आमजन से प्राप्त शिकायतों पर तत्काल प्रतिक्रिया देते हुए उनका समाधान धरातल पर प्रभावी रूप से दिखाई दे।
उन्होंने दोहराया कि आपदा प्रभावित क्षेत्रों में सामान्य जनजीवन को जल्द से जल्द पटरी पर लाना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसके लिए सभी संबंधित अधिकारियों को पूरी तत्परता, समन्वय और जिम्मेदारी के साथ कार्य करने तथा आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं।