उत्तरकाशी। जिले के बाज़ार बस स्टैंड इलाके में शुक्रवार को उस समय हड़कंप मच गया, जब एक सब्ज़ी विक्रेता को महिलाओं और लड़कियों की चुपके से वीडियो और फोटो रिकॉर्डिंग करते हुए रंगे हाथों पकड़ लिया गया। आरोपी की इस घिनौनी हरकत से स्थानीय लोग भड़क उठे और मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई।
स्थानीय लोग और संगठनों ने दबोचा आरोपी
जानकारी के अनुसार, आरोपी युवक अपनी रेहड़ी पर बैठकर फोन से चुपके-चुपके महिलाओं की तस्वीरें और वीडियो बना रहा था। संदेह होने पर स्थानीय लोगों ने उसकी गतिविधियों पर नज़र रखी और फिर उसे रंगे हाथों पकड़ लिया।
इसके बाद बजरंग दल और विश्व हिंदू परिषद के कार्यकर्ता भी मौके पर पहुंच गए और आरोपी को घेर लिया। लोगों ने आरोपी का मोबाइल फोन चेक किया तो उसमें कई महिलाओं और लड़कियों के फोटो और वीडियो बरामद हुए।
सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो
घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है, जिसमें आरोपी युवक भीड़ के बीच घिरा हुआ दिखाई दे रहा है। घटना से इलाके में भारी आक्रोश और आक्रांत माहौल बन गया।
पुलिस ने किया गिरफ्तार, दर्ज हुआ मुकदमा
सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और आरोपी को हिरासत में लेकर थाने ले गई। आरोपी के खिलाफ आईटी एक्ट और आईपीसी की विभिन्न धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि क्या आरोपी पहले भी इस तरह की हरकतों में शामिल रहा है।
इलाके में गुस्सा, सुरक्षा को लेकर चिंता
इस घटना के बाद स्थानीय लोग गुस्से में हैं। उनका कहना है कि इस तरह की हरकतें न केवल महिलाओं की निजता का हनन करती हैं बल्कि समाज की शांति और सुरक्षा को भी खतरे में डालती हैं।
लोगों ने मांग की कि पुलिस ऐसे मामलों पर सख्त कार्रवाई करे और सार्वजनिक स्थानों पर महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए निगरानी बढ़ाई जाए।
महिलाओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता
घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि पब्लिक प्लेस पर महिलाओं और लड़कियों की सुरक्षा कितनी जरूरी है। विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसी गतिविधियों पर अंकुश लगाने के लिए न केवल पुलिस की सक्रियता बल्कि सामुदायिक सतर्कता भी बेहद जरूरी है।