पिथौरागढ़: उत्तराखंड पुलिस में सिपाही शेर सिंह के मामले के बाद अब एक और पुलिसकर्मी का वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया है। पिथौरागढ़ में तैनात सिपाही अमित कुमार का एक वीडियो वायरल हो रहा है, जिसमें वह 20 जुलाई को दिल्ली के जंतर-मंतर पर हुए प्रदर्शन का जिक्र करते हुए शेर सिंह के समर्थन में बात करते नजर आ रहे हैं। वीडियो में अमित कुमार ने पुलिस की नौकरी से इस्तीफा देने की इच्छा जताने के साथ 4600 ग्रेड पे लागू करने की मांग भी की है।
पुलिस विभाग ने वीडियो को विभागीय मर्यादा और सेवा आचरण के विपरीत मानते हुए सिपाही अमित कुमार को 30 जुलाई 2026 को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। उनके खिलाफ विभागीय स्तर पर अनुशासनात्मक कार्रवाई भी शुरू कर दी गई है।
वर्दी में वीडियो बनाकर इस्तीफे की बात
सोशल मीडिया पर सामने आए वीडियो में अमित कुमार खुद को उत्तराखंड पुलिस का जवान और पिथौरागढ़ जनपद में तैनात बताते हैं। वीडियो में वह 20 जुलाई को दिल्ली के जंतर-मंतर पर हुए प्रदर्शन का जिक्र करते हुए शेर सिंह के समर्थन में अपनी बात रखते हैं।
अमित कुमार ने वीडियो में कहा कि वह इस घटनाक्रम से आहत हैं और पुलिस की नौकरी से इस्तीफा देना चाहते हैं। इसके साथ ही उन्होंने उत्तराखंड पुलिस में 4600 ग्रेड पे की मांग भी उठाई।
वीडियो सामने आने के बाद यह मामला पुलिस विभाग के संज्ञान में आया। विभाग ने मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल कार्रवाई की।
30 जुलाई को किया गया निलंबित
पिथौरागढ़ पुलिस की ओर से जारी जानकारी के अनुसार, सिपाही अमित कुमार ने 30 जुलाई 2026 को पुलिस वर्दी में सोशल मीडिया पर वीडियो पोस्ट किया।
पुलिस के मुताबिक, वीडियो में व्यक्त विचार विभागीय मर्यादा, निष्पक्षता और पुलिस कर्मियों से अपेक्षित आचरण के अनुरूप नहीं थे। विभाग ने इसे सोशल मीडिया नीति, उत्तराखंड सरकारी सेवक आचरण नियमावली-2002 और पुलिस अधिनियम-2007 के प्रावधानों का उल्लंघन माना है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए अमित कुमार को उसी दिन तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया। उनके खिलाफ विभागीय अनुशासनात्मक कार्रवाई भी शुरू कर दी गई है।
पुलिस का दावा- पहले भी हो चुकी है विभागीय कार्रवाई
पिथौरागढ़ पुलिस की ओर से जारी प्रेस रिलीज में अमित कुमार की पूर्व तैनाती और विभागीय रिकॉर्ड का भी उल्लेख किया गया है।
पुलिस के अनुसार, अमित कुमार पहले रुद्रप्रयाग जिले में तैनात थे। वहां मिली शिकायतों के आधार पर उनका स्थानांतरण पिथौरागढ़ किया गया था। पुलिस का कहना है कि उनके खिलाफ अनुशासनहीनता, ड्यूटी के प्रति लापरवाही और विभागीय निर्देशों की अवहेलना से जुड़े मामलों में पहले भी कई बार विभागीय कार्रवाई की जा चुकी है और नियमानुसार दंड दिया गया है।
कांवड़ मेला ड्यूटी के लिए हरिद्वार भेजे गए थे अमित कुमार
पुलिस विभाग के अनुसार, अमित कुमार को 23 जुलाई को कांवड़ मेला ड्यूटी के लिए हरिद्वार रवाना किया गया था। इसी दौरान 30 जुलाई को उनका वर्दी में बनाया गया वीडियो सामने आया।
वीडियो वायरल होने के बाद विभागीय स्तर पर मामले की जांच और कार्रवाई शुरू की गई।
पुलिस ने कहा- अनुशासन के खिलाफ कार्रवाई स्वीकार नहीं
पुलिस उपाधीक्षक गोविंद बल्लभ जोशी ने कहा कि विभागीय अनुशासन, सेवा आचरण और कानून व्यवस्था के विपरीत किसी भी तरह के कृत्य को किसी भी स्तर पर स्वीकार नहीं किया जाएगा।
पुलिस के मुताबिक, जांच में जो भी कार्मिक दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ नियमानुसार कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
कौन हैं शेर सिंह, जिनके समर्थन में आया अमित कुमार का वीडियो?
अमित कुमार के वीडियो में जिस शेर सिंह का जिक्र किया गया है, वह भी उत्तराखंड पुलिस में कांस्टेबल हैं और पिथौरागढ़ में तैनात रहे हैं।
पुलिस के अनुसार, शेर सिंह 28 जून 2026 से बिना अनुमति ड्यूटी से अनुपस्थित थे। इस मामले में पिथौरागढ़ पुलिस अधीक्षक की ओर से उन्हें नोटिस जारी किया गया था। पुलिस का कहना है कि नोटिस का जवाब नहीं मिलने पर 20 जुलाई 2026 को शेर सिंह को निलंबित किया गया।
इसके बाद दिल्ली के जंतर-मंतर से जुड़े एक प्रदर्शन के दौरान शेर सिंह का वीडियो सामने आया था, जिसमें वह पुलिस वर्दी में मंच पर दिखाई दिए और नौकरी से इस्तीफा देने की बात कहते नजर आए थे। उन्होंने पुलिस कर्मियों के 4600 ग्रेड पे का मुद्दा भी उठाया था।
शेर सिंह पर पुलिस ने लगाए थे गंभीर आरोप
शेर सिंह के मामले में उत्तराखंड पुलिस की ओर से पहले जारी बयान में आईजी कुमाऊं निवेदिता कुकरेती ने कहा था कि कांस्टेबल के छात्र आंदोलन से जुड़े कथित उकसावे वाले बयान सामने आए थे।
पुलिस ने शेर सिंह के खिलाफ पूर्व में आपराधिक मामलों से जुड़े आरोपों का भी उल्लेख किया था। पुलिस के अनुसार, उनके खिलाफ हरिद्वार में दर्ज एक एफआईआर का भी रिकॉर्ड है। हालांकि, इन आरोपों और मामलों से संबंधित अंतिम स्थिति का निर्धारण संबंधित जांच और न्यायिक प्रक्रिया के आधार पर ही होगा।
एक के बाद दूसरा वीडियो आने से बढ़ी हलचल
शेर सिंह प्रकरण के बाद अब अमित कुमार का वर्दी में वीडियो सामने आने से उत्तराखंड पुलिस महकमे में मामला फिर चर्चा में आ गया है। एक ओर पुलिसकर्मियों से जुड़े ग्रेड पे और सेवा संबंधी मुद्दे सार्वजनिक रूप से उठ रहे हैं, वहीं दूसरी ओर पुलिस विभाग अपने कर्मचारियों के लिए निर्धारित अनुशासन और सोशल मीडिया आचरण को लेकर सख्त रुख अपना रहा है।
अमित कुमार के मामले में फिलहाल विभागीय कार्रवाई शुरू हो चुकी है। आगे की कार्रवाई जांच में सामने आने वाले तथ्यों और विभागीय प्रक्रिया के आधार पर होगी।