उत्तरकाशी, 5 अगस्त 2025: उत्तराखंड के उत्तरकाशी जिले के धराली गांव में मंगलवार दोपहर को बादल फटने की भयावह घटना सामने आई है। हादसे के बाद ऊंचाई पर बसे गांवों में अचानक बाढ़ जैसी स्थिति बन गई, जिससे कई घर बह गए और भारी नुकसान हुआ। प्रशासन ने अब तक चार लोगों की मौत की पुष्टि की है, जबकि चश्मदीदों के अनुसार 50 से अधिक लोग लापता हैं।
यह हादसा दोपहर करीब 1:30 बजे हुआ, जब सप्तताल से निकलने वाली क्षीर गंगा में अचानक मलबे के साथ भारी जलप्रवाह आया। गढ़वाल मंडल आयुक्त विनय शंकर पांडे के अनुसार, संपत्ति को भारी नुकसान पहुंचा है और स्थिति का आंकलन किया जा रहा है।
हेल्पलाइन नंबर जारी
जिला प्रशासन उत्तरकाशी ने राहत और सूचना के लिए निम्न हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं: 01374-222126, 222722 9456556431
सेना और राहत एजेंसियां सक्रिय
घटना की जानकारी मिलते ही भारतीय सेना, NDRF, SDRF और ITBP की टीमें तुरंत हरकत में आईं। सेना ने 150 जवानों की टुकड़ी भेजी, जिन्होंने 10 मिनट के भीतर धराली पहुंचकर राहत कार्य शुरू कर दिया। सेना ने अब तक 15-20 लोगों को सफलतापूर्वक बचा लिया है। घायलों को हर्षिल स्थित चिकित्सा केंद्र में इलाज के लिए ले जाया गया।
NDRF की तीन टीमें मनेरा, बटकोट और देहरादून से रवाना हुईं, जबकि दो अन्य एयरलिफ्ट के लिए तैयार की गई हैं। ITBP की 12वीं बटालियन की एक टीम मातली से रवाना हुई है। SDRF के आईजी अरुण मोहन जोशी ने बताया कि सभी एजेंसियां मिलकर समन्वित राहत कार्य चला रही हैं।
मुख्यमंत्री और नेताओं की प्रतिक्रिया
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि राहत और बचाव कार्य युद्ध स्तर पर जारी है। उन्होंने कहा, “हम लोगों को बचाने के लिए हरसंभव प्रयास कर रहे हैं।”
गृह मंत्री अमित शाह ने मुख्यमंत्री से फोन पर बात कर हालात की जानकारी ली और NDRF व ITBP की टीमें भेजने के निर्देश दिए।
कांग्रेस नेता गणेश गोदियाल, जेपी नड्डा, राजेश चौधरी, और जयंत चौधरी सहित कई नेताओं ने हादसे पर दुख जताया और पीड़ितों के प्रति संवेदना प्रकट की।
स्थिति की निगरानी जारी
देहरादून स्थित राज्य आपदा परिचालन केंद्र में मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव और वरिष्ठ अधिकारी घटना की स्थिति पर नजर रखे हुए हैं। जिलाधिकारी और SSP मौके पर हैं, और स्वास्थ्य विभाग की पूरी टीम अलर्ट पर है।
गढ़वाल कमिश्नर विनय शंकर पांडे ने कहा, “प्राथमिकता लोगों को बचाना है। संपत्ति के नुकसान का आंकलन बाद में किया जाएगा।”