देहरादून: परेड ग्राउंड के सामने जीएमएस रोड निवासी गैस एजेंसी संचालक अर्जुन शर्मा की हत्या के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने मुठभेड़ के बाद दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जो आपस में सगे भाई बताए जा रहे हैं। दोनों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
हत्या की घटना के बाद शहर में दहशत का माहौल था और कानून व्यवस्था को लेकर सवाल उठ रहे थे। पुलिस ने व्यापक नाकेबंदी और चेकिंग अभियान चलाया, जिसके दौरान दोनों आरोपियों को अलग-अलग स्थानों से पकड़ा गया।
पहली मुठभेड़ — लाडपुर जंगल क्षेत्र
रायपुर थाना पुलिस द्वारा रात में चेकिंग के दौरान लाडपुर जंगल क्षेत्र में एक संदिग्ध ने पुलिस पर फायरिंग की। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने उसे घायल अवस्था में गिरफ्तार किया। उसके पैर में गोली लगी, जिसके बाद उसे कोरोनेशन अस्पताल में भर्ती कराया गया।
दूसरी मुठभेड़ — लालतप्पड़ क्षेत्र
दूसरी घटना में स्कूटी सवार एक संदिग्ध ने लालतप्पड़ पुलिस चौकी पर रुकने के संकेत के बावजूद भागने की कोशिश की। वह एक खंडहर फैक्ट्री परिसर में घुस गया और पुलिस पर फायरिंग की। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में उसे भी पैर में गोली लगने के बाद गिरफ्तार किया गया।
बरामदगी
पुलिस ने दोनों आरोपियों के कब्जे से दो देशी तमंचे बरामद किए हैं।
आरोपियों की पहचान
पूछताछ में दोनों ने अपने नाम पंकज राणा और राजीव उर्फ राजू, पुत्र अभय राम सिंह, निवासी इंदिरा कॉलोनी, चक्खुवाला, देहरादून बताए हैं।
पुराना आपराधिक इतिहास
स्थानीय सूत्रों के अनुसार, दोनों भाइयों पर लगभग दस वर्ष पहले अपने पिता अभय राम सिंह की हत्या का भी आरोप रहा है। बताया जाता है कि उस मामले में भी हत्या गला घोंटने और गोली मारकर की गई थी। इस संबंध में पुलिस आधिकारिक रिकॉर्ड खंगाल रही है।
पुलिस ने बताया कि अर्जुन शर्मा हत्याकांड में अन्य पहलुओं की भी जांच जारी है, और आरोपियों से पूछताछ कर हत्या के कारणों का पता लगाया जा रहा है।