हरिद्वार: गंगनहर में डूबे आईआईटी रुड़की के एमबीए द्वितीय वर्ष के छात्र आशीष शुक्ला की तलाश के लिए गुरुवार सुबह से व्यापक सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है। उत्तराखंड एसडीआरएफ, आर्मी, गोताखोरों और सिविल लाइंस कोतवाली पुलिस की संयुक्त टीम छात्र की खोज में जुटी है।
एसडीआरएफ टीम का नेतृत्व एसआई दीपक मेहता कर रहे हैं। सर्च ऑपरेशन महर्षि वाल्मीकि घाट से आसफनगर झाल तक नहर क्षेत्र में चलाया जा रहा है।
कैसे हुआ हादसा?
प्राप्त जानकारी के अनुसार, बुधवार शाम आशीष शुक्ला अपने दोस्तों के साथ वाल्मीकि घाट पर बैठा था। इसी दौरान अचानक उसका पैर फिसल गया और वह गंगनहर के तेज बहाव में बह गया।
घटना की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में आईआईटी के छात्र मौके पर पहुंच गए। आईआईटी का सुरक्षा विभाग और फायर ब्रिगेड की टीम भी घटनास्थल पर पहुंची, लेकिन अंधेरा होने के कारण रात में सर्च अभियान शुरू नहीं हो सका।
छात्रों में नाराजगी
घटना के बाद छात्र की तत्काल तलाश शुरू न हो पाने पर आईआईटी के छात्रों में नाराजगी भी देखी गई। हालांकि, गुरुवार सुबह से प्रशासन ने संयुक्त सर्च ऑपरेशन शुरू कर दिया है।
पानी कम कराने की तैयारी
मौके पर मौजूद तहसीलदार विकास अवस्थी सिंचाई विभाग के अधिकारियों से समन्वय कर नहर का पानी कम कराने की संभावनाओं पर चर्चा कर रहे हैं, ताकि सर्च अभियान को और प्रभावी बनाया जा सके।
फिलहाल छात्र का कोई सुराग नहीं मिल पाया है। परिजनों और साथियों में चिंता का माहौल बना हुआ है। प्रशासन ने सर्च ऑपरेशन जारी रहने की बात कही है।