उत्तराखंड में 2026 की शुरुआत बड़े प्रशासनिक भूचाल
देहरादून:नए साल 2026 की शुरुआत के साथ ही उत्तराखंड में बड़े स्तर पर प्रशासनिक फेरबदल की तस्वीर साफ होने लगी है। शासन से लेकर जिलों तक, महत्वपूर्ण पदों पर बदलाव की संभावना तेज हो गई है। सबसे बड़ा कदम मुख्यमंत्री कार्यालय के करीबी वरिष्ठ आईएएस अधिकारी शैलेश बगौली को केंद्रीय प्रतिनियुक्ति (Central Deputation) पर भेजे जाने के रूप में सामने आया है। बगौली को केंद्र सरकार के कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग (DoPT) द्वारा राजस्व विभाग में संयुक्त सचिव के रूप में नियुक्त किया गया है। यह नियुक्ति पांच वर्ष या अगले आदेश तक प्रभावी रहेगी।
CM ऑफिस से जुड़े अफसर का केंद्र में जाना बड़ा संकेत
शैलेश बगौली फिलहाल उत्तराखंड शासन में गृह विभाग, कार्मिक विभाग और सचिव मुख्यमंत्री जैसे अत्यंत महत्वपूर्ण दायित्वों का संचालन कर रहे हैं। ऐसे में उनका केंद्र जाना न केवल पद रिक्त होने की स्थिति उत्पन्न करेगा, बल्कि इन विभागों में ज़िम्मेदारियों के पुनर्वितरण के संकेत भी दे रहा है। गृह और कार्मिक दोनों ही विभाग राज्य के प्रशासनिक तंत्र की रीढ़ माने जाते हैं, जिन पर कानून-व्यवस्था, सरकारी मशीनरी का संचालन और मानव संसाधन प्रबंधन की मुख्य ज़िम्मेदारी होती है।
सूत्रों के अनुसार, बगौली के प्रस्थान के बाद राज्य सरकार को इन अहम विभागों के लिए भरोसेमंद अधिकारियों की नई नियुक्ति करनी होगी। माना जा रहा है कि यह परिवर्तन सिर्फ विभागीय स्तर तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि सचिवालय से लेकर ज़िला प्रशासन तक इसकी प्रभाव लहर देखने को मिलेगी।
केंद्र में उत्तराखंड कैडर की पकड़ मजबूत
बगौली के अलावा, राज्य के एक अन्य वरिष्ठ अधिकारी आशीष जोशी भी चर्चा में हैं। वे पहले से ही केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर तैनात हैं, लेकिन अब उन्हें केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय में नई भूमिका मिली है। यह साफ संकेत है कि उत्तराखंड कैडर के IAS अधिकारी केंद्र सरकार के महत्वपूर्ण पदों पर अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज करा रहे हैं।
सचिव स्तर पर बड़े प्रमोशन, नए चेहरे आएंगे जिम्मेदारी में
पिछले कुछ समय में कई सचिव स्तर के अधिकारियों को प्रमोशन दिया गया है। प्रमोशन के बाद विभागों के पुनर्वितरण की तैयारी चल रही है, जहाँ सरकार नए प्रमोटेड अधिकारियों को महत्वपूर्ण पद सौंप सकती है। इसके चलते सचिवालय में निर्णय लेने की प्रक्रिया में भी बदलाव संभव है।
ज़िलों में भी फेरबदल के आसार
फेरबदल की लहर केवल शासन तक सीमित नहीं है। जिलों में भी कई डीएम (जिलाधिकारी) पदों पर ट्रांसफर की संभावनाएँ हैं। सूत्र बताते हैं कि कुछ जिलों में पहले ही होमवर्क पूरा कर लिया गया है और आदेश किसी भी समय जारी हो सकते हैं। इसका असर कानून-व्यवस्था, विकास कार्यों और प्रशासनिक निगरानी पर पड़ेगा।
जनवरी 2026 क्यों है अहम?
| संभावित बदलाव | असर |
|---|---|
| IAS बगौली का केंद्र में जाना | गृह व कार्मिक विभाग की नई कमान |
| सचिव स्तर पर प्रमोशन | नई जिम्मेदारियाँ और पदस्थापन |
| केंद्रीय नियुक्तियाँ | उत्तराखंड कैडर की राष्ट्रीय भूमिका में वृद्धि |
| जिलों में ट्रांसफर की तैयारी | प्रशासनिक ढांचे में जमीनी स्तर पर बदलाव |