अंतर्राष्ट्रीय साइबर ठग गिरोह का पर्दाफाश, दो आरोपी गिरफ्तार
देहरादून। उत्तराखंड एसटीएफ (स्पेशल टास्क फोर्स) ने एक बड़े अंतर्राष्ट्रीय साइबर ठगी गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। उनके कब्जे से कई महत्वपूर्ण दस्तावेज और इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बरामद किए गए हैं।
गिरफ्तारी और बरामद सामान
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक एसटीएफ नवनीत भुल्लर ने जानकारी दी कि आरोपियों को रायपुर थाना क्षेत्र के महाराणा प्रताप चौक से आगे थानों रोड पर जिला पंचायत चुंगी के पास से गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार किए गए आरोपियों के नाम हरजिंद्र सिंह (पुत्र जरनैल सिंह, निवासी ग्राम दिनेशपुर, जिला ऊधमसिंह नगर) और संदीप सिंह (पुत्र पश्मिंदर सिंह, निवासी ग्राम अर्जुनपुर, पोस्ट दिनेशपुर, जिला ऊधमसिंह नगर) हैं।
गिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने उनके कब्जे से काले रंग की हुंडई एलकाजार कार, 1 लैपटॉप, 7 मोबाइल फोन, 1 पासपोर्ट, 2 चेक बुक, 3 डेबिट कार्ड, 2 पैन कार्ड, 1 पासबुक, 1 स्टाम्प मोहर और सुभम एंटरप्राइज़ेज के नाम से मोहर लगे 4 एसबीआई बैंक के फॉर्म बरामद किए।
साइबर ठगी का अंतर्राष्ट्रीय नेटवर्क
एसएसपी भुल्लर ने बताया कि दक्षिण एशियाई देशों से संचालित साइबर अपराधों की जांच के दौरान महत्वपूर्ण सुराग मिले थे। मार्च 2025 के पहले सप्ताह में भारत सरकार ने म्यांमार से 540 भारतीय नागरिकों को स्वदेश वापस लाया था, जिनमें से 22 नागरिक उत्तराखंड के थे। इन लोगों से पूछताछ के दौरान उत्तराखंड में संचालित साइबर ठगों के बारे में अहम जानकारी सामने आई।
इस आधार पर 20 मार्च 2025 को साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन, देहरादून और 21 मार्च 2025 को साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन, कुमाऊं में दर्ज मामलों की जांच के दौरान यह खुलासा हुआ। आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे दोनों दोस्त हैं और मिलकर साइबर ठगी करते थे।
पुलिस की कार्रवाई जारी
एसटीएफ इस गिरोह से जुड़े अन्य सदस्यों की तलाश कर रही है। पुलिस को संदेह है कि इस गिरोह का नेटवर्क अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर फैला हुआ है और यह कई अन्य साइबर अपराधों में भी संलिप्त हो सकता है।